दुनिया का सबसे सस्ता स्मार्टफोन, Freedom 251 स्कैम की कहानी

दुनिया का सबसे सस्ता स्मार्टफोन, Freedom 251 स्कैम की कहानी

नई दिल्ली: अगर आपसे एक फोन खरीदने के लिए कहा जाए, तो सबसे पहला सवाल आता है बजट का. क्या हो अगर एक ऐसे बजट में आपको स्मार्टफोन मिल जाए, जिसकी आपको कभी कल्पना भी न की हो. ऐसा एक फोन लेकर साल 2016 में Ringing Bells कंपनी आई थी. इस फोन की कीमत 251 रुपये थी और देश ही नहीं दुनियाभर में भी चर्चा हुई. उस वक़्त इस स्मार्टफोन की बुकिंग भी शुरू हो गई थी, लेकिन 5-6 महीने के बाद जब लोगों के पास फोन नहीं पहुंचा तो लोगो ने आवाज उठाई. इसके बाद मामले की जांच की गई, जिससे पता चला की कंपनी ने लोगो के साथ फ्रॉड किया है. इसके बाद सरकार ने कंपनी के खिलाफ एक्शन लिए और अंत में कंपनी को लोगों के पैसे वापस लौटाने पड़े.

आज तक दुनिया में इंटरनेशनल लेवल पर Freedom 251 को ही दुनिया का सबसे सस्ता मोबाइल माना जाता है. हालांकि, यह गलत है क्योंकि यह एक स्कैम था और मोबाइल लोगों के हाथ में आया ही नहीं था. बता दें कि कंपनी ने इस फोन का रेगुलर प्राइस 500 रुपये बताया था, जो उस वक्त के हिसाब से कोई ज्यादा नहीं था. ऐसे दौर में जब एक फीचर फोन के लिए 1000 रुपये खर्च करने खर्च करने पड़ते हों. वहां कैमरा, टच स्क्रीन और एंड्रॉयड जैसे फीचर्स के साथ 500 रुपये में एक स्मार्टफोन का मिलना किसी लॉटरी की तरह ही था.

इतना ही नहीं Ringing Bells ने 50 लाख फोन्स बेचने का टार्गेट रखा था, लेकिन पहले दिन ही वेबसाइट क्रैश हो गई. हालांकि, इसके बाद भी कंपनी ने 30 हजार ऑर्डर ले लिए थे. बुकिंग क्लोज करते हुए कंपनी ने दावा किया था कि उन्हें 1.75 करोड़ यूनिट्स का प्रीऑर्डर मिला है.

बहुत से लोगों ने इस फोन को ऑर्डर किया था, लेकिन ये किसी को मिला नहीं. वहीं कंपनी ने शुरुआत में 30 हजार लोगों को प्रीऑर्डर अमाउंट वापस करने की बात भी कही थी. कंपनी ने कहा था कि जब फोन डिलीवर होगा, तब भी वे पेमेंट लेंगे, लेकिन Freedom 251 कभी डिलीवर हुआ ही नहीं.

 नहीं मिला BIS सर्टिफिकेशन

20 फरवरी 2016 को कंपनी के ऑफिसेस पर छापा पड़ा. कंपनी ने जो प्रोडक्ड पेश किया था, उसे BIS सर्टिफिकेशन नहीं मिला था. दरअसल, भारत में किसी स्मार्टफोन या दूसरे प्रोडक्ट को लॉन्च करने के लिए कंपनी को Bureau of Indian Standards के सर्टिफिकेशन की जरूरत पड़ती है. कंपनी के डायरेक्टर मोहित गोयल और प्रेसिडेंट अशोक चड्ढा के खिलाफ IPC की धारा-420 के तरह के मामला दर्ज हुआ.

कंपनी के प्रमुख गिरफ्तार

बाद में कंपनी के प्रमुख मोहित गोयल को गिरफ्तार किया गया. कंपनी एक ऐसे फोन का ख्वाब लोगों के बीच लेकर आई थी जो कभी बना ही नहीं. अब कंपनी का डोमेन तक बिक चुका है और फोन की तो बात ही छोड़ दीजिए.


 dwodje
yhfee@chitthi.in, 10 June 2023

Leave a Reply

Required fields are marked *